GB
Beta

हिमाचल प्रदेश बजट — 2020-21 vs 2024-25

वर्ष-दर-वर्ष बजट तुलना जो दर्शाती है कि हिमाचल प्रदेश की राजकोषीय प्राथमिकताएं कैसे बदली हैं

PDF Export जल्द आ रहा है Pro

बजट वृद्धि — 2020-21 बनाम 2024-25

Total Expenditure

2020-21

Rs 43,000 crore

2024-25

Rs 52,937 crore

2020-21 is -18.8% lower
Total Receipts

2020-21

Rs 30,500 crore

2024-25

Rs 42,153 crore

2020-21 is -27.6% lower
Capital Expenditure

2020-21

Rs 6,200 crore

2024-25

Rs 6,270 crore

2020-21 is -1.1% lower
Tax Revenue

2020-21

Rs 9,800 crore

2024-25

Rs 15,101 crore

2020-21 is -35.1% lower
Fiscal Deficit (% GDP)

2020-21

7.4%

2024-25

4.7%

2020-21 is +57.4% higher
Interest Payments

2020-21

Rs 5,700 crore

2024-25

Rs 6,255 crore

2020-21 is -8.9% lower

प्राप्तियां एवं व्यय — वर्ष-दर-वर्ष परिवर्तन

विवरण2020-212024-25अंतर
कुल प्राप्तियांरु 30,500 करोड़रु 42,153 करोड़-27.6%
कर राजस्व (शुद्ध)रु 9,800 करोड़रु 15,101 करोड़-35.1%
गैर-कर राजस्वरु 6,500 करोड़रु 3,641 करोड़+78.5%
कुल व्ययरु 43,000 करोड़रु 52,937 करोड़-18.8%
राजस्व व्ययरु 36,800 करोड़रु 46,667 करोड़-21.1%
पूंजीगत व्ययरु 6,200 करोड़रु 6,270 करोड़-1.1%
ब्याज भुगतानरु 5,700 करोड़रु 6,255 करोड़-8.9%
राजकोषीय घाटारु 11,500 करोड़रु 10,784 करोड़+6.6%
राजकोषीय घाटा (सकल घरेलू उत्पाद का %)7.4%4.7%—
ऋण-से-सकल घरेलू उत्पाद अनुपात45.2%38.7%—

विभागीय आवंटन परिवर्तन — 2020-21 बनाम 2024-25

2024-25 और 2020-21 के बीच किन विभागों का बजट हिस्सा बढ़ा या घटा

Department2020-212024-25Difference
1. Education
Rs 0
Rs 7,950 crore
-100.0%
2. Health & Family Welfare
Rs 0
Rs 4,000 crore
-100.0%
3. Energy
Rs 0
Rs 3,650 crore
-100.0%
4. Rural Development
Rs 0
Rs 3,600 crore
-100.0%
5. Transport & Roads
Rs 0
Rs 3,300 crore
-100.0%
6. Police & Home
Rs 0
Rs 2,750 crore
-100.0%
7. Social Welfare
Rs 0
Rs 2,380 crore
-100.0%
8. Agriculture & Allied
Rs 0
Rs 2,350 crore
-100.0%
9. Water Supply & Sanitation
Rs 0
Rs 1,700 crore
-100.0%
10. Urban Development
Rs 0
Rs 1,550 crore
-100.0%

हिमाचल प्रदेश का बजट 2024-25 से 2020-21 तक कैसे बदला है?

वर्षों में बजट की तुलना राजकोषीय समेकन की प्रगति, खर्च प्राथमिकताओं में बदलाव और राजस्व वृद्धि के पैटर्न को ट्रैक करने में मदद करती है। बजट अनुमान और संशोधित अनुमान के बीच का अंतर राजकोषीय अनुशासन और यथार्थवादी अनुमान क्षमता का एक प्रमुख संकेतक है।

पूंजीगत व्यय के रुझान बुनियादी ढांचे के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाते हैं, जबकि राजस्व व्यय के पैटर्न वेतन, पेंशन और ब्याज भुगतान जैसी आवर्ती देनदारियों को दर्शाते हैं। बढ़ता पूंजी-से-राजस्व व्यय अनुपात आम तौर पर उत्पादक खर्च का संकेत देता है।

पूरा विश्लेषण देखें 2020-21 बजट विश्लेषण या सभी उपलब्ध तुलनाएं देखें.

संबंधित बजट तुलनाएं

और बजट तुलना करें

राज्यों और वर्षों में तुलना देखें