हिमाचल प्रदेश बजट — 2026-27 vs 2021-22
वर्ष-दर-वर्ष बजट तुलना जो दर्शाती है कि हिमाचल प्रदेश की राजकोषीय प्राथमिकताएं कैसे बदली हैं
बजट वृद्धि — 2026-27 बनाम 2021-22
2026-27
Rs 50,088 crore
2021-22
Rs 48,500 crore
2026-27
Rs 40,361 crore
2021-22
Rs 36,000 crore
2026-27
Rs 3,150 crore
2021-22
Rs 7,500 crore
2026-27
Rs 29,240 crore
2021-22
Rs 12,200 crore
2026-27
3.5%
2021-22
5.9%
2026-27
Rs 7,272 crore
2021-22
Rs 6,300 crore
प्राप्तियां एवं व्यय — वर्ष-दर-वर्ष परिवर्तन
| विवरण | 2026-27 | 2021-22 | अंतर |
|---|---|---|---|
| कुल प्राप्तियां | रु 40,361 करोड़ | रु 36,000 करोड़ | +12.1% |
| कर राजस्व (शुद्ध) | रु 29,240 करोड़ | रु 12,200 करोड़ | +139.7% |
| गैर-कर राजस्व | रु 3,948 करोड़ | रु 7,800 करोड़ | -49.4% |
| कुल व्यय | रु 50,088 करोड़ | रु 48,500 करोड़ | +3.3% |
| राजस्व व्यय | रु 46,938 करोड़ | रु 41,000 करोड़ | +14.5% |
| पूंजीगत व्यय | रु 3,150 करोड़ | रु 7,500 करोड़ | -58.0% |
| ब्याज भुगतान | रु 7,272 करोड़ | रु 6,300 करोड़ | +15.4% |
| राजकोषीय घाटा | रु 9,698 करोड़ | रु 10,500 करोड़ | -7.6% |
| राजकोषीय घाटा (सकल घरेलू उत्पाद का %) | 3.5% | 5.9% | — |
| ऋण-से-सकल घरेलू उत्पाद अनुपात | 40.5% | 44.4% | — |
विभागीय आवंटन परिवर्तन — 2026-27 बनाम 2021-22
2021-22 और 2026-27 के बीच किन विभागों का बजट हिस्सा बढ़ा या घटा
| Department | 2026-27 | 2021-22 | Difference |
|---|---|---|---|
1. Education, Sports, Arts and Culture | Rs 9,806 crore | Rs 0 | — |
2. Transport | Rs 3,297 crore | Rs 0 | — |
3. Health and Family Welfare | Rs 3,203 crore | Rs 0 | — |
4. Agriculture and Allied Activities | Rs 2,407 crore | Rs 0 | — |
5. Social Welfare and Nutrition | Rs 2,185 crore | Rs 0 | — |
6. Rural Development | Rs 2,052 crore | Rs 0 | — |
7. Police | Rs 1,626 crore | Rs 0 | — |
8. Water Supply and Sanitation | Rs 1,418 crore | Rs 0 | — |
9. Irrigation and Flood Control | Rs 1,130 crore | Rs 0 | — |
10. Energy | Rs 322 crore | Rs 0 | — |
हिमाचल प्रदेश का बजट 2021-22 से 2026-27 तक कैसे बदला है?
वर्षों में बजट की तुलना राजकोषीय समेकन की प्रगति, खर्च प्राथमिकताओं में बदलाव और राजस्व वृद्धि के पैटर्न को ट्रैक करने में मदद करती है। बजट अनुमान और संशोधित अनुमान के बीच का अंतर राजकोषीय अनुशासन और यथार्थवादी अनुमान क्षमता का एक प्रमुख संकेतक है।
पूंजीगत व्यय के रुझान बुनियादी ढांचे के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाते हैं, जबकि राजस्व व्यय के पैटर्न वेतन, पेंशन और ब्याज भुगतान जैसी आवर्ती देनदारियों को दर्शाते हैं। बढ़ता पूंजी-से-राजस्व व्यय अनुपात आम तौर पर उत्पादक खर्च का संकेत देता है।
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