पंजाब बजट — 2017-18 vs 2025-26
वर्ष-दर-वर्ष बजट तुलना जो दर्शाती है कि पंजाब की राजकोषीय प्राथमिकताएं कैसे बदली हैं
बजट वृद्धि — 2017-18 बनाम 2025-26
2017-18
Rs 84,600 crore
2025-26
Rs 1.55 lakh crore
2017-18
Rs 62,500 crore
2025-26
Rs 1.17 lakh crore
2017-18
Rs 9,800 crore
2025-26
Rs 11,880 crore
2017-18
Rs 32,400 crore
2025-26
Rs 64,800 crore
2017-18
4.5%
2025-26
4.2%
2017-18
Rs 15,500 crore
2025-26
Rs 26,500 crore
प्राप्तियां एवं व्यय — वर्ष-दर-वर्ष परिवर्तन
| विवरण | 2017-18 | 2025-26 | अंतर |
|---|---|---|---|
| कुल प्राप्तियां | रु 62,500 करोड़ | रु 1.17 लाख करोड़ | -46.4% |
| कर राजस्व (शुद्ध) | रु 32,400 करोड़ | रु 64,800 करोड़ | -50.0% |
| गैर-कर राजस्व | रु 7,800 करोड़ | रु 12,500 करोड़ | -37.6% |
| कुल व्यय | रु 84,600 करोड़ | रु 1.55 लाख करोड़ | -45.6% |
| राजस्व व्यय | रु 74,800 करोड़ | रु 1.36 लाख करोड़ | -45.2% |
| पूंजीगत व्यय | रु 9,800 करोड़ | रु 11,880 करोड़ | -17.5% |
| ब्याज भुगतान | रु 15,500 करोड़ | रु 26,500 करोड़ | -41.5% |
| राजकोषीय घाटा | रु 18,100 करोड़ | रु 37,237 करोड़ | -51.4% |
| राजकोषीय घाटा (सकल घरेलू उत्पाद का %) | 4.5% | 4.2% | — |
| ऋण-से-सकल घरेलू उत्पाद अनुपात | 40.5% | 47.1% | — |
विभागीय आवंटन परिवर्तन — 2017-18 बनाम 2025-26
2025-26 और 2017-18 के बीच किन विभागों का बजट हिस्सा बढ़ा या घटा
| Department | 2017-18 | 2025-26 | Difference |
|---|---|---|---|
1. Education | Rs 0 | Rs 19,200 crore | -100.0% |
2. Agriculture & Allied | Rs 0 | Rs 15,500 crore | -100.0% |
3. Energy | Rs 0 | Rs 12,800 crore | -100.0% |
4. Health & Family Welfare | Rs 0 | Rs 10,100 crore | -100.0% |
5. Rural Development | Rs 0 | Rs 9,500 crore | -100.0% |
6. Police & Home | Rs 0 | Rs 9,100 crore | -100.0% |
7. Social Welfare | Rs 0 | Rs 7,400 crore | -100.0% |
8. Transport & Roads | Rs 0 | Rs 5,300 crore | -100.0% |
9. Water Supply & Sanitation | Rs 0 | Rs 5,200 crore | -100.0% |
10. Urban Development | Rs 0 | Rs 5,000 crore | -100.0% |
पंजाब का बजट 2025-26 से 2017-18 तक कैसे बदला है?
वर्षों में बजट की तुलना राजकोषीय समेकन की प्रगति, खर्च प्राथमिकताओं में बदलाव और राजस्व वृद्धि के पैटर्न को ट्रैक करने में मदद करती है। बजट अनुमान और संशोधित अनुमान के बीच का अंतर राजकोषीय अनुशासन और यथार्थवादी अनुमान क्षमता का एक प्रमुख संकेतक है।
पूंजीगत व्यय के रुझान बुनियादी ढांचे के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाते हैं, जबकि राजस्व व्यय के पैटर्न वेतन, पेंशन और ब्याज भुगतान जैसी आवर्ती देनदारियों को दर्शाते हैं। बढ़ता पूंजी-से-राजस्व व्यय अनुपात आम तौर पर उत्पादक खर्च का संकेत देता है।
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