पंजाब बजट — 2018-19 vs 2023-24
वर्ष-दर-वर्ष बजट तुलना जो दर्शाती है कि पंजाब की राजकोषीय प्राथमिकताएं कैसे बदली हैं
बजट वृद्धि — 2018-19 बनाम 2023-24
2018-19
Rs 93,500 crore
2023-24
Rs 1.29 lakh crore
2018-19
Rs 69,200 crore
2023-24
Rs 98,940 crore
2018-19
Rs 11,500 crore
2023-24
Rs 6,406 crore
2018-19
Rs 35,800 crore
2023-24
Rs 51,400 crore
2018-19
4.3%
2023-24
4.1%
2018-19
Rs 17,100 crore
2023-24
Rs 22,500 crore
प्राप्तियां एवं व्यय — वर्ष-दर-वर्ष परिवर्तन
| विवरण | 2018-19 | 2023-24 | अंतर |
|---|---|---|---|
| कुल प्राप्तियां | रु 69,200 करोड़ | रु 98,940 करोड़ | -30.1% |
| कर राजस्व (शुद्ध) | रु 35,800 करोड़ | रु 51,400 करोड़ | -30.4% |
| गैर-कर राजस्व | रु 8,400 करोड़ | रु 10,051 करोड़ | -16.4% |
| कुल व्यय | रु 93,500 करोड़ | रु 1.29 लाख करोड़ | -27.8% |
| राजस्व व्यय | रु 82,000 करोड़ | रु 1.23 लाख करोड़ | -33.2% |
| पूंजीगत व्यय | रु 11,500 करोड़ | रु 6,406 करोड़ | +79.5% |
| ब्याज भुगतान | रु 17,100 करोड़ | रु 22,500 करोड़ | -24.0% |
| राजकोषीय घाटा | रु 19,300 करोड़ | रु 30,311 करोड़ | -36.3% |
| राजकोषीय घाटा (सकल घरेलू उत्पाद का %) | 4.3% | 4.1% | — |
| ऋण-से-सकल घरेलू उत्पाद अनुपात | 40.4% | 49.6% | — |
विभागीय आवंटन परिवर्तन — 2018-19 बनाम 2023-24
2023-24 और 2018-19 के बीच किन विभागों का बजट हिस्सा बढ़ा या घटा
| Department | 2018-19 | 2023-24 | Difference |
|---|---|---|---|
1. Education | Rs 0 | Rs 15,800 crore | -100.0% |
2. Agriculture & Allied | Rs 0 | Rs 12,500 crore | -100.0% |
3. Energy | Rs 0 | Rs 10,500 crore | -100.0% |
4. Health & Family Welfare | Rs 0 | Rs 7,800 crore | -100.0% |
5. Rural Development | Rs 0 | Rs 7,500 crore | -100.0% |
6. Police & Home | Rs 0 | Rs 7,400 crore | -100.0% |
7. Social Welfare | Rs 0 | Rs 6,000 crore | -100.0% |
8. Transport & Roads | Rs 0 | Rs 3,900 crore | -100.0% |
9. Urban Development | Rs 0 | Rs 3,900 crore | -100.0% |
10. Water Supply & Sanitation | Rs 0 | Rs 3,800 crore | -100.0% |
पंजाब का बजट 2023-24 से 2018-19 तक कैसे बदला है?
वर्षों में बजट की तुलना राजकोषीय समेकन की प्रगति, खर्च प्राथमिकताओं में बदलाव और राजस्व वृद्धि के पैटर्न को ट्रैक करने में मदद करती है। बजट अनुमान और संशोधित अनुमान के बीच का अंतर राजकोषीय अनुशासन और यथार्थवादी अनुमान क्षमता का एक प्रमुख संकेतक है।
पूंजीगत व्यय के रुझान बुनियादी ढांचे के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाते हैं, जबकि राजस्व व्यय के पैटर्न वेतन, पेंशन और ब्याज भुगतान जैसी आवर्ती देनदारियों को दर्शाते हैं। बढ़ता पूंजी-से-राजस्व व्यय अनुपात आम तौर पर उत्पादक खर्च का संकेत देता है।
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